Breaking News
जिलाधिकारी के निर्देशन में विशेष अभियान के तहत घर-घर पहुंच रही टीमें, पेंशन से वंचित पात्र व्यक्तियों को किया जा रहा चिन्हित
जिलाधिकारी के निर्देशन में विशेष अभियान के तहत घर-घर पहुंच रही टीमें, पेंशन से वंचित पात्र व्यक्तियों को किया जा रहा चिन्हित
सड़कों के निर्माण की नई पहल, स्टेज-2 के कार्यों को मिलेगी प्राथमिकता: महाराज
सड़कों के निर्माण की नई पहल, स्टेज-2 के कार्यों को मिलेगी प्राथमिकता: महाराज
देहरादून पुलिस ने हिमाचल प्रदेश से दबोचा 15 हजार का इनामी गैंगस्टर, चोरी-नकबजनी गिरोह से जुड़ा है आरोपी
देहरादून पुलिस ने हिमाचल प्रदेश से दबोचा 15 हजार का इनामी गैंगस्टर, चोरी-नकबजनी गिरोह से जुड़ा है आरोपी
मुंबई इंडियंस की कमान अब कीरोन पोलार्ड के हाथ में, मुख्य कोच बनकर संभालेंगे टीम की जिम्मेदारी
मुंबई इंडियंस की कमान अब कीरोन पोलार्ड के हाथ में, मुख्य कोच बनकर संभालेंगे टीम की जिम्मेदारी
ईरान पर फिर हमले की तैयारी में अमेरिका? ट्रंप ने दी सैन्य कार्रवाई की चेतावनी
ईरान पर फिर हमले की तैयारी में अमेरिका? ट्रंप ने दी सैन्य कार्रवाई की चेतावनी
प्रभास की ‘फौजी’ का धमाकेदार टीजर हुआ रिलीज, 19 मार्च को सिनेमाघरों में दस्तक देगी फिल्म
प्रभास की ‘फौजी’ का धमाकेदार टीजर हुआ रिलीज, 19 मार्च को सिनेमाघरों में दस्तक देगी फिल्म
केदारनाथ जा रहे हेलीकॉप्टर की टिहरी में इमरजेंसी लैंडिंग, पायलट समेत छह लोग थे सवार
तेलंगाना में 15 वर्षीय किशोरी से यौन उत्पीड़न का आरोप, तीन नाबालिगों समेत सात गिरफ्तार
तेलंगाना में 15 वर्षीय किशोरी से यौन उत्पीड़न का आरोप, तीन नाबालिगों समेत सात गिरफ्तार
आयुक्त विनय शंकर पांडेय के निर्देशों पर FDA की बड़ी कार्रवाई, कोर्ट कैंटीन से ढाबों तक छापेमारी, कई प्रतिष्ठानों को नोटिस
आयुक्त विनय शंकर पांडेय के निर्देशों पर FDA की बड़ी कार्रवाई, कोर्ट कैंटीन से ढाबों तक छापेमारी, कई प्रतिष्ठानों को नोटिस

दोषारोपण के बजाए जिम्मेदाराना रवैया अपनाना होगा

दोषारोपण के बजाए जिम्मेदाराना रवैया अपनाना होगा

पश्चिम बंगाल में जलपाईगुड़ी के पास खड़ी कंचनजंगा एक्सप्रेस में पीछे से मालगाड़ी के टक्कर मार देने की घटना वाकई तकलीफदेह है। इस हादसे में रेलवे के अनुसार नौ लोगों की मौत हुई है और कई अन्य घायल हैं। हालांकि अंदाजा है कि जितनी मौतें  बताई जा रही हैं, इससे कहीं ज्यादा लोग मारे गए हैं। हादसे में तीन बोगियां बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुई। तीन बोगियां पटरी से ही उतर गई और कई हवा में लहरा गई। यह टक्कर बहुत जोरदार थी। कहा जा रहा है कि ऑटोमैटिक सिग्नल खराब होने के कारण कंचनजंगा एक्सप्रेस दो स्टेशनों के बीच रुकी रही।

रेलवे का कहाना है कि मालगाड़ी का चालक तय मानक गति से ज्यादा स्पीड पर ट्रेन चला रहा था। उसने सिग्नल की अनदेखी की, जबकि नियमानुसार उसे खराब सिग्नलों को तेजी से नहीं पार करना था। साथ ही हर खराब सिग्नल पर एक मिनट के लिए ट्रेन को रोका जाना चाहिए और दस किलोमीटर की रफ्तार से ही आगे बढना चाहिए। हालांकि उस चालक की मौके पर ही मौत हो गई। इस पर रेल संगठन द्वारा आपत्ति भी जताई गई कि जांच के बगैर चालक को हादसे का जिम्मेदार ठहराना अनुचित है।

हादसे के बाद रेलवे द्वारा तैयार ट्रेन से जुड़े हादसों को रोकने के लिए कवच सिस्टम की याद आई है, जिससे एक ही ट्रैक पर ट्रेनों की टक्कर से बचा जा सकता है। यह अत्याधुनिक ऑटोमैटिक ट्रेन प्रोटक्शन सिस्टम है। ओडिशा के बालासोर में हुए हादसे के बाद इस कवच सिस्टम को लागू करने की बातें खूब की गई थीं। हैरत है, इतना वक्त बीतने के बाद भी उसे केवल साउथ सेंट्रल रेलवे के कुछ रूट में ही लगाया जा सका है। इसे सीधे तौर पर सरकारी तंत्र की लापरवाही ही माना जाएगा।

रेल मंत्रालय के अनुसार इस पर काम चल रहा है, मगर जब हमारे पास इतनी बेहतरीन प्रणाली मौजूद है तो उसे लागू करने में किस स्तर की ढिलाई बरती गई, जानना भी जरूरी है। यदि यह हादसा मानवीय भूल है तो भी जरूरत से ज्यादा या नियमों की अनदेखी करते हुए बढ़ाई गयी रफ्तार के लिए अन्य संबंधित विभाग भी कम जिम्मेदार नहीं हो सकते।

रेल परिवहन टीम वर्क है। इसके लिए दोषारोपण के बजाए जिम्मेदाराना रवैया अपनाया जाना चाहिए। आधुनिक तकनीक और बेहतरीन पण्रालियों के युग में इस तरह की दुर्घटनाओं से रेलवे की साख गिरने बचाने के प्रयास किया जाना जरूरी है। क्योंकि ऐसी घटनाओं से न केवल जनता का विश्वास डगमगाएगा, बल्कि रेलवे की कमाई पर भी असर पड़ेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top