Breaking News
वर्षों से जिस सड़क की समस्या का नहीं हो पाया था समाधान। प्रधान संगठन की प्रदेश अध्यक्ष के प्रयासों से मुख्यमंत्री धामी ने लिया संज्ञान!
वर्षों से जिस सड़क की समस्या का नहीं हो पाया था समाधान। प्रधान संगठन की प्रदेश अध्यक्ष के प्रयासों से मुख्यमंत्री धामी ने लिया संज्ञान!
एमडीडीए में समाधान दिवस आयोजित, जन शिकायतों के त्वरित निस्तारण के दिए निर्देश
एमडीडीए में समाधान दिवस आयोजित, जन शिकायतों के त्वरित निस्तारण के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री धामी ने किया ओहो रेडियो 89.2 एफएम का शुभारंभ
मुख्यमंत्री धामी ने किया ओहो रेडियो 89.2 एफएम का शुभारंभ
सूबे में खुलेगी सहकारी बैंक की 34 नई शाखाएं- डाॅ. धन सिंह रावत
सूबे में खुलेगी सहकारी बैंक की 34 नई शाखाएं- डाॅ. धन सिंह रावत
मतदाताओं के दस्तावेजों का हो तय समय पर सत्यापन- सीईओ
मतदाताओं के दस्तावेजों का हो तय समय पर सत्यापन- सीईओ
ग्राम खैनूरी की क्षतिग्रस्त सड़क का मुख्यमंत्री ने लिया तत्काल संज्ञान
ग्राम खैनूरी की क्षतिग्रस्त सड़क का मुख्यमंत्री ने लिया तत्काल संज्ञान
लो बीपी में ज्यादा नमक खाना सही या गलत? जानिए क्या कहते हैं हेल्थ एक्सपर्ट्स
लो बीपी में ज्यादा नमक खाना सही या गलत? जानिए क्या कहते हैं हेल्थ एक्सपर्ट्स
12 सितंबर को लगेगी राष्ट्रीय लोक अदालत, 11 सितंबर तक करें आवेदन
12 सितंबर को लगेगी राष्ट्रीय लोक अदालत, 11 सितंबर तक करें आवेदन
2036 ओलंपिक मेजबानी का संकल्प लेकर कावड़ उठाएंगी रेखा आर्या
2036 ओलंपिक मेजबानी का संकल्प लेकर कावड़ उठाएंगी रेखा आर्या

प्रदेश में अब कक्षा एक से पढ़ाई जाएगी संस्कृत, 100 करोड़ रुपये के बजट का रखा जाएगा प्रस्ताव 

प्रदेश में अब कक्षा एक से पढ़ाई जाएगी संस्कृत, 100 करोड़ रुपये के बजट का रखा जाएगा प्रस्ताव 

संस्कृत विद्यालयों में छात्रों की घटती संख्या को देखते हुए लिया गया निर्णय 

देहरादून। प्रदेश में अब कक्षा एक से संस्कृत पढ़ाई जाएगी। संस्कृत विद्यालयों में छात्रों की घटती संख्या और कक्षा छह से संस्कृत शुरू होने पर छात्रों को होने वाली कठिनाई को देखते हुए विभाग की ओर से यह निर्णय लिया गया है। संस्कृत शिक्षा सचिव दीपक गैरोला के मुताबिक, इसके लिए हर जिले में कक्षा एक से पांचवीं तक के पांच विद्यालयों को मान्यता दी जाएगी। हर जिले में एक संस्कृत गांव बनाने का भी निर्णय लिया गया है। इसके लिए 10 जिलों में गांव चिह्नित किए जा चुके हैं, जबकि अन्य में इसकी प्रक्रिया चल रही है।

संस्कृत शिक्षा सचिव ने चमोली, रुद्रप्रयाग, पौड़ी और टिहरी जिले के कई संस्कृत विद्यालयों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के बाद उन्होंने बताया, संस्कृत शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए कई अहम कदम उठाए गए हैं। बालिकाओं के साथ ही एससी, एसटी के छात्रों को संस्कृत शिक्षा के प्रति प्रोत्साहित किया जाएगा।

इसके लिए हर जिले में शिविर लगाए जाएंगे। बताया, कई विद्यालयों के निरीक्षण के दौरान देखने में आया कि इन स्कूलों में शिक्षकों की कमी नहीं है, लेकिन छात्र संख्या कुछ कम दिखी। संस्कृत शिक्षा निदेशक आनंद भारद्वाज बताते हैं कि समग्र शिक्षा के तहत 1265 करोड़ रुपये का बजट है, लेकिन संस्कृत शिक्षा के लिए बजट नहीं हैं। कहा, संस्कृत शिक्षा के लिए 100 करोड़ रुपये के बजट का प्रस्ताव रखा जाएगा। वहीं, प्रयास किया जाएगा कि इन विद्यालयों के छात्र-छात्राओं को स्कूल ड्रेस, पाठ्य पुस्तकें, मिड-डे मील समेत कुछ अन्य सुविधाएं मिलें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top