Breaking News
ऐतिहासिक और समावेशी बजट से प्रदेश के विकास को मिलेगी नई गति- कृषि मंत्री गणेश जोशी
ऐतिहासिक और समावेशी बजट से प्रदेश के विकास को मिलेगी नई गति- कृषि मंत्री गणेश जोशी
अवैध निर्माण पर एमडीडीए की बड़ी कार्रवाई, ऋषिकेश में बहुमंजिला भवन किया सील
अवैध निर्माण पर एमडीडीए की बड़ी कार्रवाई, ऋषिकेश में बहुमंजिला भवन किया सील
धामी सरकार का बजट उत्तराखंड को अग्रणी राज्यों में ले जाने का रोडमैप: डॉ. नरेश बंसल
धामी सरकार का बजट उत्तराखंड को अग्रणी राज्यों में ले जाने का रोडमैप: डॉ. नरेश बंसल
मुख्यमंत्री धामी ने पेश किया ₹1.11 लाख करोड़ का बजट
मुख्यमंत्री धामी ने पेश किया ₹1.11 लाख करोड़ का बजट
कान साफ करने के लिए ईयरबड्स का इस्तेमाल हो सकता है खतरनाक, डॉक्टरों ने दी चेतावनी
कान साफ करने के लिए ईयरबड्स का इस्तेमाल हो सकता है खतरनाक, डॉक्टरों ने दी चेतावनी
गैरसैंण में यूकेडी का प्रदर्शन, विधानसभा घेराव की कोशिश पर पुलिस से झड़प
गैरसैंण में यूकेडी का प्रदर्शन, विधानसभा घेराव की कोशिश पर पुलिस से झड़प
पश्चिम एशिया में तनाव पर सरकार चिंतित, भारतीयों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता- एस जयशंकर
पश्चिम एशिया में तनाव पर सरकार चिंतित, भारतीयों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता- एस जयशंकर
दृष्टि आई इंस्टीट्यूट द्वारा ग्लूकोमा जागरूकता वॉकाथॉन का आयोजन
दृष्टि आई इंस्टीट्यूट द्वारा ग्लूकोमा जागरूकता वॉकाथॉन का आयोजन
टी20 विश्व कप 2026- भारत ने फाइनल में न्यूजीलैंड को हराकर खिताब किया अपने नाम
टी20 विश्व कप 2026- भारत ने फाइनल में न्यूजीलैंड को हराकर खिताब किया अपने नाम

कक्षा 1 से 12 तक के छात्रों को मिलेंगी मुफ्त किताबें, 28 मार्च तक सभी स्कूलों में पुस्तकें पहुंचाने का लक्ष्य

कक्षा 1 से 12 तक के छात्रों को मिलेंगी मुफ्त किताबें, 28 मार्च तक सभी स्कूलों में पुस्तकें पहुंचाने का लक्ष्य

समय पर किताबें मिलने से पढ़ाई होगी आसान और सुचारु

देहरादून। राज्य में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में अहम पहल। पहली बार नया शिक्षा सत्र शुरू होने से पहले ही छात्र-छात्राओं को मुफ्त पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराने की तैयारी है। डॉ. मुकुल सती के अनुसार विभाग का लक्ष्य है कि 28 मार्च तक सभी स्कूलों में किताबों की आपूर्ति सुनिश्चित कर दी जाए।

अब तक हर वर्ष सरकारी और अशासकीय विद्यालयों के विद्यार्थियों को मुफ्त किताबें देने की व्यवस्था तो रही है, लेकिन अधिकांश मामलों में किताबें समय पर नहीं पहुंच पाती थीं। कई बार कक्षा 1 से 12 तक के छात्र-छात्राओं को शिक्षा सत्र शुरू होने के छह से सात महीने बाद तक भी पुस्तकों का इंतजार करना पड़ता था, जिससे पढ़ाई प्रभावित होती थी। इस बार शिक्षा विभाग ने इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए सत्र शुरू होने से पहले ही किताबें पहुंचाने की ठोस योजना बनाई है।

माध्यमिक शिक्षा निदेशक के अनुसार कक्षा 1 से 8 तक के 6 लाख 29 हजार से अधिक छात्र-छात्राओं के लिए करीब 43 लाख 78 हजार पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराई जाएंगी। वहीं कक्षा 9 से 12 तक के 3 लाख 44 हजार से अधिक विद्यार्थियों के लिए लगभग 38 लाख 67 हजार किताबों की व्यवस्था की गई है।

विभागीय अधिकारियों का कहना है कि समय पर किताबें मिलने से न केवल छात्रों की पढ़ाई सुचारु रूप से शुरू हो सकेगी, बल्कि शिक्षकों को भी पाठ्यक्रम को तय समयसीमा में पूरा करने में सुविधा मिलेगी।

Back To Top