Breaking News
पौधे नहीं, भविष्य की हरियाली तैयार कर रहा एमडीडीए
पौधे नहीं, भविष्य की हरियाली तैयार कर रहा एमडीडीए
शिक्षक केवल विद्यार्थी का नहीं, बल्कि पूरे राष्ट्र के भविष्य का निर्माण करता है- मुख्यमंत्री
शिक्षक केवल विद्यार्थी का नहीं, बल्कि पूरे राष्ट्र के भविष्य का निर्माण करता है- मुख्यमंत्री
दिव्यांगजनों की प्रतिभा और उपलब्धियों को मिलेगा सम्मान
दिव्यांगजनों की प्रतिभा और उपलब्धियों को मिलेगा सम्मान
कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री से की शिष्टाचार भेंट
कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री से की शिष्टाचार भेंट
बीरोंखाल में श्रमिक पंजीकरण शिविर, सैकड़ों श्रमिकों ने लिया हिस्सा
बीरोंखाल में श्रमिक पंजीकरण शिविर, सैकड़ों श्रमिकों ने लिया हिस्सा
जल एवं मच्छर जनित रोगों का खतरा बढ़ा, स्वास्थ्य विभाग ने जारी की एडवाइजरी
जल एवं मच्छर जनित रोगों का खतरा बढ़ा, स्वास्थ्य विभाग ने जारी की एडवाइजरी
देहरादून-मसूरी मार्ग पर पानीवाला बैंड के पास गहरी खाई में मिला व्यक्ति का शव
देहरादून-मसूरी मार्ग पर पानीवाला बैंड के पास गहरी खाई में मिला व्यक्ति का शव
‘मिर्जापुर द मूवी’ ने बॉक्स ऑफिस पर मचाया तहलका, 4 दिनों में पार किया 100 करोड़ का आंकड़ा
‘मिर्जापुर द मूवी’ ने बॉक्स ऑफिस पर मचाया तहलका, 4 दिनों में पार किया 100 करोड़ का आंकड़ा
मुख्यमंत्री धामी से मिले नन्हे पर्वतारोही रियांश पंत और प्रिशा रावत

मैदान से लेकर पहाड़ तक परेशान करेगी गर्मी, प्रदेश भर में चढ़ेगा पारा

मैदान से लेकर पहाड़ तक परेशान करेगी गर्मी, प्रदेश भर में चढ़ेगा पारा

प्रदेश भर में मार्च के आखिरी दिनों में चढ़ेगा पारा 

मौसम पर पड़ा जलवायु परिवर्तन और पैटर्न में हुए बदलाव का सीधा असर

देहरादून। प्रदेश में बीते कुछ सालों से जलवायु परिवर्तन और बदले पैटर्न के चलते मौसम में बड़े बदलाव देखने को मिल रहे हैं। ऐसे में मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि इस बार भी उत्तराखंड में मैदान से लेकर पहाड़ तक गर्मी परेशान कर सकती है। वैज्ञानिकों को मानना है कि मार्च के आखिरी दिनों में प्रदेश भर में पारा चढ़ेगा और अप्रैल के शुरुआती दिनों में गर्मी लोगों को परेशान कर सकती है।

आंकड़ों पर नजर डाले तो दून का अधिकतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री इजाफे के साथ 31.5 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। जबकि रात का न्यूनतम तापमान भी सामान्य से एक डिग्री बढ़ोतरी के साथ 15.8 डिग्री रहा। ऐसा ही हाल प्रदेश के अन्य जिलों का भी रहा। पहाड़ी इलाकों की बात करें तो मुक्तेश्वर का अधिकतम तापमान सामान्य से चार डिग्री ज्यादा 22.7 डिग्री रहा। ऐसे में मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि चटक धूप खिलने से मैदान से लेकर पहाड़ तक गर्मी का अहसास होने लगा है।

आने वाले दिनों की बात करें तो 29 मार्च तक प्रदेश भर में मौसम शुष्क रहेगा। केंद्र के निदेशक बिक्रम सिंह ने कहा, यह बात बिलकुल सही है कि बीते कुछ सालों में जलवायु परिवर्तन और पैटर्न में हुए बदलाव का सीधा असर हर मौसम पर पड़ा है। जबकि मार्च महीने से ही गर्मी बढ़ने का मुख्य कारण बारिश का कम होना है। मार्च में अभी तक सिर्फ 25 फीसदी ही बारिश हुई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top