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सूबे में कलस्टर विद्यालयों के निर्माण की कवायद शुरू

सूबे में कलस्टर विद्यालयों के निर्माण की कवायद शुरू

रूद्रप्रयाग में तीन कलस्टर विद्यालयों के लिये 7 करोड़ मंजूर

प्रत्येक जनपद का एक कलस्टर विद्यालय बनेगा आवासीय

देहरादून। उत्तराखंड में कलस्टर विद्यालयों के निर्माण की कवायद शुरू हो गई है। राज्य सरकार ने कलस्टर विद्यालय योजना के अंतर्गत रूद्रप्रयाग जनपद में तीन विद्यालयों के लिये 748 लाख की धनराशि स्वीकृत कर दी है। जिससे इन विद्यालयों में भवन निर्माण एवं अन्य अवस्थापना के कार्य किये जायेंगे। इसके अलावा प्रत्येक जनपद में एक-एक कलस्टर विद्यालय को आवासीय सुविधा युक्त बनाये जाने की भी योजना है।

राज्य सरकार ने विद्यालयी शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार के दृष्टिगत प्रदेश में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप कलस्टर विद्यालय स्थापित करने का निर्णय लिया है। इस योजना का मकसद कलस्टर विद्यालय को हब के रूप में विकसित कर आस-पास के कम छात्र संख्या व संसाधनों की कमी वाले विद्यालयों को इसमें विलय करना है ताकि एक ही छत के नीचे कक्षा-6 से लेकर कक्षा-12 तक के छात्र-छात्राओं को बेहतर शिक्षा व सुविधा उपलब्ध की जा सके। राज्य सरकार ने कलस्टर विद्यालय योजना को धरातल पर उतारने की कवायद शुरू कर दी है। इसके तहत सरकार ने रूद्रप्रयाग जनपद के चयनित तीन विद्यालयों को कलस्टर विद्यालय बनाने के लिये 7 करोड़ 48 लाख की धनराशि स्वीकृत कर दी है।

जिसमें राजकीय इंटर कॉलेज बसुकेदार के लिये 150.39 लाख की धनराशि मंजूर की है, जबकि राजकीय इंटर कॉलेज कोटमा, ऊखीमठ के लिये 298.68 लाख व राजकीय बालिका इंटर कॉलेज अगस्तमुनि के लिये 299.38 लाख की धनराशि स्वीकृत की है। स्वीकृत धनराशि से इन विद्यालयों में कक्षा-कक्ष, कम्प्यूटर कक्ष, स्टॉफ कक्ष, प्रधानाचार्य कक्ष, कार्यालय कक्ष, प्रयोगशाला, आर्ट एंड क्राफ्ट कक्ष, शौचालय ब्लॉक व सुरक्षा दीवार का निर्माण किया जायेगा। जिसके लिये अवस्थापना खण्ड डाकपत्थर, सिंचाई विभाग को कार्यदायी संस्था नामित कर दिया गया है। शीघ्र ही इन विद्यालयों में निर्माण कार्य के लिये धनराशि अवमुक्त कर दी जायेगी।

तीनों विद्यालयों को कलस्टर विद्यालय में विकसित किया जायेगा ताकि एक ही विद्यालय में छात्र-छात्राओं को सभी विषयों के अध्यापक, प्रयोगशालाएं, कम्प्यूटर लैब, खेल व अन्य गतिविधियां और विभिन्न सरकारी योजनाओं का आसानी से लाभ मिल सकेगा। इसके अलावा इस योजना के तहत प्रत्येक जनपद में एक-एक कलस्टर विद्यालय को आवासीय सुविधा युक्त बनाने की भी योजना है। प्रथम चरण में विपरीत भौगोलिक परिस्थिति वाले पांच जनपदों में एक-एक कलस्टर आवासीय विद्यालय बनाये जायेंगे, ताकि प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को आवासीय सुविधा के साथ-साथ गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल सके।

राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप प्रदेश में कलस्टर विद्यालयों के निर्माण की कवायद शुरू कर दी गई है। योजना के तहत रूद्रप्रयाग जनपद में तीन विद्यालयों का चयन कर 748 लाख की धनराशि स्वीकृत कर दी गई है। इन कलस्टर विद्यालयों को संसाधन सम्पन्न बनाया जायेगा, जहां पर शिक्षकों व अन्य स्टॉफ की पर्याप्त व्यवस्था रहेगी। – डॉ. धन सिंह रावत, विद्यालयी शिक्षा मंत्री, उत्तराखंड

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